Qabar Par Fatiha Padhne Ka Tarika Hindi Mein //top\\ Jun 2026
1-1 बार पढ़ें (यह वैकल्पिक है, आप चाहें तो सूरह काफिरून भी पढ़ सकते हैं)।
3 बार "कुल हुवल लाहू अहद..." (पूरी सूरत) पढ़ें। (हदीस के अनुसार, 3 बार इसे पढ़ना पूरे कुरान के बराबर सवाब देता है)। Qabar Par Fatiha Padhne Ka Tarika Hindi Mein
यदि आप किसी मृतक मुसलमान की कब्र पर जाकर पढ़ना चाहते हैं, तो निम्नलिखित बातों का ध्यान रखें: Qabar Par Fatiha Padhne Ka Tarika Hindi Mein
कब्रिस्तान में कभी भी कब्र के ऊपर न बैठें और न ही उस पर पैर रखें। कब्र के सिरहाने या पांयती (पैरों की तरफ) खड़ा होना चाहिए। बेहतर यह है कि मुर्दे के चेहरे के सामने (किबला की तरफ पीठ करके) खड़े हों। Qabar Par Fatiha Padhne Ka Tarika Hindi Mein
"अस्सलामु अलैकुम या अहलल कुबूर, यगफिरुल्लाह लना वलकुम अन्तुम सलफुन व नहनु बिल असर।" (ऐ कब्र वालों, तुम पर सलाम हो! अल्लाह हमारी और तुम्हारी मगफिरत फरमाए।)
"ऐ मोमिनों और मुसलमानों के घर (कब्रिस्तान) के रहने वालों, तुम पर सलामती हो। इंशाअल्लाह हम भी तुम से मिलने वाले हैं। हम अल्लाह से अपने लिए और तुम्हारे लिए आफियत (भलाई) मांगते हैं।"
"अस्सलामु अलैकुम अहलद दियारी मिनल मुअमिनीना वल मुस्लिमीन, व इन्ना इनशाअल्लाहु बिकुम लाहीकून, नसअलुल्लाहा लना व लकुमल आफियह।"